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New Agra City: आगरा के पास बसेगा एक नया शहर, 29 गांवों का होगा अधिग्रहण; जानें कितने हेक्टेयर में होगा विकसित

New Agra City: आगरा के पास एक नया शहर बसाने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण ने भूमि अधिग्रहण के लिए 29 गांवों को चिह्नित किया है। एक बार मास्टर प्लान का ब्लू प्रिंट तैयार हो जाए, उसके बाद यमुना प्राधिकरण द्वारा विकास का कार्य शुरू किया जा सकता है।

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यमुना प्राधिकरण बसाएगी नया शहर (प्रतीकात्मक तस्वीर)

Photo : iStock

New Agra City: यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) एक नया शहर बसाने की तैयारी कर रही है। यह नया शहर और कहीं नहीं बल्कि आगरा के पास एक नए आगरा शहर के रूप में विकसित किया जाएगा। एक अधिकारी द्वारा मिली जानकारी के अनुसार, आगरा के पास करीब 10,500 हेक्टेयर की भूमि पर न्यू आगरा बसाया जाएगा। इस नए शहर को 40 हजार करोड़ रुपये की लागत से बसाया जाएगा। इसके लिए प्राधिकरण द्वारा कंपनी का चयन भी कर लिया गया है और उसे न्यू आगरा अर्बन सेंटर मास्टर प्लान का ब्लू प्रिंट तैयार करने के लिए कहा गया है। आइए आपको आगरा के पास बसने वाले न्यू आगरा शहर के बारे में विस्तार से बताएं -

न्यू आगरा के लिए तैयार किया जाएगा मास्टर प्लान

यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण द्वारा न्यू आगरा अर्बन सेंटर की स्टडी रिपोर्ट तैयार करने के लिए ट्रैक्टेबल इंजीनियरिंग स्काई ग्रुप का चयन किया गया है। इस ग्रुप को 9 महीने में नए आगरा के लिए मास्टर प्लान का ब्लू प्रिंट तैयार करने के लिए कहा गया है। बता दें कि यमुना प्राधिकरण का क्षेत्र 6 जिलों तक फैला हुआ है, जिसमें आगरा भी शामिल है। इन 6 जिलों के विकास को 3 फेज में बांटा गया है। पहले फेज में यमुना प्राधिकरण गौतमबुद्ध नगर और बुलंदशहर का विकास कर रही है, दूसरे फेज में अलीगढ़, मथुरा और हाथरस का विकास किया जा रहा है। तीसरे और अंतिम फेज में आगरा का विकास किया जाएगा। इस फेज में न्यू आगरा अर्बन सेंटर भी शामिल है।

नए आगरा शहर के मास्टर प्लान में होगा ये सब

ट्रैक्टेबल इंजीनियरिंग स्काई ग्रुप द्वारा न्यू आगरा अर्बन सेंटर के विकास के लिए मास्टर प्लान में औद्योगिक, आवासीय व हरित क्षेत्र से संबंधित सभी गतिविधियों को शामिल किया जाएगा। इसमें जनसंख्या, ट्रांसपोर्ट सिस्टम, आर्थिक-सामाजिक स्थिति, पर्यावरण, सड़क, कारोबार, उद्योग, यमुना नदी सहित अन्य जल स्रोत की स्थिति की जानकारी शामिल की जाएगी। बता दें कि न्यू आगरा के विकास के दौरान 20 प्रतिशत आवासीय, 4 प्रतिशत व्यावसायिक, 13 प्रतिशत ट्रांसपोर्ट, 25 प्रतिशत उद्योग, 15 प्रतिशत हरित क्षेत्र, पर्यटन के लिए 7 प्रतिशत और मिक्स लैंड यूज के लिए 7 प्रतिशत जमीन को आरक्षित रहेगी। इसके आधार पर शहर का विकास किया जाएगा।

गैर प्रदूषणकारी फैक्ट्री को दिया जाएगा बढ़ावा

दिन-प्रतिदिन बढ़ते प्रदूषण और उससे होने वाला नुकसान को देखते हुए यमुना प्राधिकरण द्वारा नए आगरा में गैर प्रदूषणकारी फैक्ट्री को बढ़ावा मिलेगा। इससे पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।

नए शहर में होगा इन तीन चीजों का संगम

आगरा के पास यमुना प्राधिकरण द्वारा न्यू आगरा को बसाने की तैयारी जोरों पर है। इसको लेकर मास्टर प्लान तैयार किया जा रहा है, जिसमें भूमि अधिग्रहण भी शामिल है। बता दें कि बसाये जा रहे नए आगरा शहर में पर्यटन, सांस्कृतिक विरासत और उद्योग का संगम देखने को मिलेगा। पर्यटन और गैर प्रदूषणकारी फैक्ट्री के साथ इस नए शहर में सांस्कृतिक विरासत को भी बढ़ावा दिया जाएगा।

न्यू आगरा के लिए 29 गांवों की भूमि का होगा अधिग्रहण

आगरा के पास नए आगरा शहर को बसाने के लिए 10 या 20 नहीं बल्कि 29 गांवों की भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा। इन गांवों में पेसाई, खंडिया, परिहार, चौकर, खड़गपुर, बामन, नहर्रा, रूधंदु, अगरपुर, चिहौंली, अनवल खेड़ा, सेमरा, ऊंचा, शेरखान, उसमानपुर, जराउ, मुडी, जहांगीरपुर, अरेला, हसनपुर, चोली, नंंगला मनी, गढ़ी पिरथी, बहरामपुर, नयाबांस, नवलपुर, धरेरा, गर्हिबच्ची, नगला निशंख और आगवरखास शामिल हैं। इन भूमि का अधिग्रहण करने के बाद 10,500 हेक्टेयर भूमि में नए आगरा शहर को बसाया जाएगा।

Varsha Kushwaha
वर्षा कुशवाहा author

वर्षा कुशवाहा टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की एजुकेशन डेस्क पर बतौर कॉपी एडिटर कार्यरत हैं और पिछले 5 वर्षों से मीडिया में सक्रिय हैं। जर्नलिज़्म में पोस्... और देखें

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